छोटी-सी आर्थिक सहायता भारती के लिए बनी बहुत बड़ा सहारा
रायपुर : दुर्ग ग्रामीण परियोजना के सेक्टर रसमड़ा के छोटे से ग्राम महमरा में रहने वाली भारती वर्मा का जीवन पहले काफी कठिनाइयों से भरा हुआ था। आर्थिक स्थिति कमजोर होने के कारण वे हर महीने कुछ बचत नहीं कर पाती थीं। घर का खर्च चलाना ही उनके लिए एक बड़ी चुनौती थी। मार्च 2024 में जब उन्हें महतारी वंदन योजना की राशि मिलनी शुरू हुई, तब उनके जीवन में एक नई उम्मीद जगी। यह छोटी-सी आर्थिक सहायता उनके लिए बहुत बड़ा सहारा बन गई। धीरे-धीरे उनकी स्थिति में सुधार आने लगा और वे घर के खर्चों को बेहतर तरीके से संभालने लगीं। लेकिन अक्टूबर 2024 में एक और मुश्किल सामने आई। उनके पति एक दुर्घटना में घायल हो गए और उनका पैर फ्रैक्चर हो गया। इस कारण उसके पति लगभग 8 महीनों तक मजदूरी करने नहीं जा सके। इस कठिन समय में पूरे परिवार की जिम्मेदारी भारती वर्मा के कंधों पर आ गई।
ऐसे मुश्किल दौर में महतारी वंदन योजना से मिलने वाली राशि उनके लिए किसी वरदान से कम नहीं थी। इसी सहायता से उन्होंने अपने परिवार का पालन-पोषण किया और घर को संभाले रखा। इसके साथ ही उन्होंने अपनी दो जुड़वा बेटियों के भविष्य के लिए सुकन्या समृद्धि योजना में खाते भी खुलवाया और नियमित रूप से किश्तें जमा कर रहे हैं। इस योजना के लिए मुख्यमंत्री का धन्यवाद देते हुए कहती है कि राज्य सरकार की विभिन्न योजनाएं कई परिवारों को मुश्किल समय में संभलने का हौसला दिया।
बुलडोजर एक्शन पर टिप्पणी को लेकर विवाद, अभिषेक बनर्जी की मुश्किलें बढ़ीं
असम में जलप्रलय जैसे हालात, 50 लोगों की मौत, ऊपरी जिलों में भारी तबाही
US बेस के पास धमाकों के बाद हाई अलर्ट, वेस्ट बैंक हिंसा ने बढ़ाई बेचैनी
वार्ता का पहला दौर खत्म, इस्तीफे की मांग पर CJP और सरकार आमने-सामने